featured भारत खबर विशेष राजस्थान राज्य

राजस्थान में सरपंचों से छिना हक, ये प्रमाण पत्र पटवारी करेंगे जारी

सीकर: राज्य सरकार ने सरपंचों से एक अधिकार और छीन लिया है। सरकार ने सरपंचों के अधिकारों को लेकर स्थित साफ कर दी है। सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए कहा कि, सरपंच अब उत्तराधिकारी प्रमाण पत्र नहीं जारी कर पाएंगे।

मिल रही थी लगातार शिकायतें

दरअसल उत्तराधिकार प्रमाण पत्र को लेकर बढ़ती शिकायतों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने यह फैसला लिया है। सरकार ने पंचायती विभाग के जरिए आदेश जारी किया है। आदेश में लिखा है कि प्रदेश भर में सरपंचों की ओर से लगातार उत्तराधिकारी प्रमाण पत्र जारी किए जा रहे हैं। जबकि पंचायतीराज अधिनियम 1984 व राजस्थान पंचायतीराज अधिनियम 1996 में रपंचों को इस तरह का कोई अधिकार नहीं दिया गया है। आदेश में कहा गया कि, प्रमाण पत्र जारी करने से विभाग के खिलाफ लगातार याचिका दायर हो रही थी। जिसके बाद विभाग ने फैसला लेते हुए यह आदेश जारी किया है।

सरपंचों का क्या कहना है?

इधर सरपंचों का कहना है कि राजस्व विभाग के नियमों की वजह से पेंच फंसा हुआ है। ग्रामीणों की परेशानी में ध्यान में रखते हुए प्रमाण पत्र जाी किए जा रहे थे। सरपंचों ने कहा कि, सरकार को राजस्व विभाग के नियमों को स्पष्ट करना चाहिए

पटवारी को मिला अधिकार

पंचायतीराज विभाग ने आदेश जारी करते हुए कहा कि, अब पटवारी ही ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को उत्तराधिकारी प्रमाण पत्र जारी करेंगे। इसके लिए ग्रामीणों को 50 रुपए के शपथ पत्र के आधार पर आवेदन करना होगा।

सत्यापन का काम ग्राम पंचायत को मिला

आदेश में कहा गया कि सत्यापन का काम ग्राम पंचायत करेंगी। इसके लिए पटवार घर में आवेदनों को ग्राम पंचायत की बैठक में रखा जाएगा। आवेदन को बैठक में रखने से पहले वार्ड पंच पहले इसे सत्यापित करेंगे। वर्ड पंच की रिपोर्ट के आधार पर ग्राम पंचायत पटवारी को रिपोर्ट देगी। जिसके बाद पटवारी ग्रामीणों को पत्र जारी करेंगे।

Related posts

15 फरवरी 2022 का राशिफल: इन राशियों के जातकों को आज रहना है सावधान, जानें आज का राशिफल

Neetu Rajbhar

भारत को लगा अब तक का सबसे बड़ा झटका, भीषण मंदी से कोई नहीं बचेगा..

Mamta Gautam

केजरीवाल ने दलित हमलों पर मोदी की चुप्पी पर सवाल उठाए

bharatkhabar