जम्मू कश्मीर 14 जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में पुलिस और स्थानीय सुरक्षाबलों ने किया दो आतंकियों को ढेर

जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में पुलिस और स्थानीय सुरक्षाबलों ने दो आतंकियों को ढेर कर दिया है।

नई दिल्ली।  जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में पुलिस और स्थानीय सुरक्षाबलों ने दो आतंकियों को ढेर कर दिया है। कुलगाम के वामपोरा में पुलिस को खुफिया जानकारी मिली थी कि दो आतंकी छिपे हुए हैं, जिसके बाद उनको मार गिराया गया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक सुरक्षाबलों को इनपुट मिला था कि दोनों आतंकी लश्कर-ए-तैयबा के थे। अब अधिकारियों ने साफ किया है कि दोनों आतंकी हिज्बुल मुजाहिदीन के हैं। दोनों की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है।

बता दें कि इनपुट मिलने के बाद सुरक्षाबलों ने आतंकियों के खिलाफ संयुक्त सर्च ऑपरेशन चलाया था। सूत्रों के मुताबिक वामपोरा इलाके में कम से कम दो आतंकी छिपे हुए थे, जो किसी बड़ी आतंकी घटना को अंजाम देने की फिराक में थे। लेकिन उससे पहले ही सुरक्षाबलों ने उनका खात्मा कर दिया।

वहीं इससे पहले सुरक्षाबल मुठभेड़स्थल पर आतंकियों के घरवालों को भी बुलाकर लाए थे। आतंकियों के घरवालों ने अपील की थी कि वे सेना के सामने खुद को सरेंडर कर दें। घरवालों के मनाने के बाद भी आतंकियों ने सरेंडर करने से मना कर दिया, जिसके बाद सुरक्षाबलों ने उन्हें ढेर कर दिया।

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लॉकडाउन और कोरोना संकट के दौरान भी घाटी में आतंकवादी घटनाएं कम नहीं हुई हैं। आतंकी सुरक्षाबलों पर हमला करने और घाटी को अशांत करने की लगातार योजना बना रहे हैं। गुरुवार को भी सुरक्षाबलों ने ऐसी ही एक आतंकी घटना को पुलवामा में नाकाम किया था।

साथ ही कश्मीर घाटी में पाकिस्तान लगातार अस्थिरता फैलाने की कोशिश कर रहा है। जम्मू-कश्मीर में गुरुवार को पुलवामा जैसे आतंकी हमले की साजिश रची गई थी, जिसे सुरक्षाबलों ने नाकाम किया। अगर सुरक्षाबल सही वक्त पर अपने मिशन को अंजाम नहीं देते एक बार फिर पुलवामा अटैक दोहराया जा चुका होता। सूत्रों का दावा है कि इस हमले के पीछे कुख्यात ग्लोबल आतंकी मसूद अजहर के भतीजे मोहम्मद इस्माइल उर्फ फौलजी बाबा का भी नाम सामने आ रहा है। मोहम्मद इस्माइल एक इंप्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (IED) एक्सपर्ट है। आतंकी घटना में अब उसकी भूमिका की भी जांच की जा रही है।

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