WhatsApp Image 2018 04 13 at 5.24.15 PM सीएम रावत ने किया प्राधिकरण के फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम का शुभारंभ

देहरादून। प्रदेश के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम का शुभारंभ किया। इस दौरान एमडीडीए के उपाध्यक्ष डॉ. आशीष कुमार श्रीवास्तव भी मौजूद रहे। सीएम द्वारा उद्घाटन करने की जानकारी देते हुए बताया कि अलग-अलग विकास कार्यों को स्वीकृति सॉफ्टवेयर के माध्यम से की जाएगी। सॉफ्टेवेयर द्वारा एस्टिमेट तैयार किया जाएगा और सभी सिड्यूल ऑफ रेट्स सिस्टम पर उपलब्ध रहेंगे।

समस्त विकार्यों की एम0बी0 साॅफ्टवेयर के माध्यम से पूर्ण की जायेगी।  एम0बी0 निरीक्षण करने में लेखाअनुभाग को काफी समय लगता था साॅफ्टवेयर के माध्यम से एम0बी0 का निरीक्षण किया जायेगा जिससे समय की बचत होगी व त्रुटि होने की सम्भावना नगण्य हो जायेगी।  साॅफ्टवेयर द्वारा प्रत्येक कार्य का प्रगति विवरण उच्चाधिकारियों को उनके डैश बोर्ड पर उपलब्ध रहेगी तथा विलम्भ होने की स्थिति में सम्बन्धित अधिकारी का लागइन ब्लाॅक हो जायेगा।

WhatsApp Image 2018 04 13 at 5.24.15 PM सीएम रावत ने किया प्राधिकरण के फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम का शुभारंभ

उपाध्यक्ष द्वारा ही पुनः स्वीकृति के पश्चात संचालित किया जा सकेगा जिससे परियोजनाओं के ससमय निस्तारण किया जा सकेगा।  साॅफ्टवेयर के माध्यम से टेन्डरिंग की प्रक्रिया को भी पूर्ण किया जायेगा। उक्त साॅफ्टवेयर को लेखा अनुभाग के साथ एकीकृत किया गया है जिससे कार्यदायी संस्था को उनके कार्य के अनुपात में ही भुगतान आर0टी0जी0एस0 व नेट बैंकिग के माध्यम से किया जायेगा।

मुख्यमंत्री द्वारा प्राधिकरण के उक्त सिस्टम के कार्य प्रणाली की जानकारी प्राप्त की एवं ISO प्रमाण पत्रों की सराहना करते हुए बताया कि यह परिलक्षित करता है कि प्राधिकरण एक पारदर्शी एवं विकास पूरक दिशा में निरन्तर आगे बढ रहा है तथा उसकी कार्यप्रणाली procedure oriented है। माननीय मुख्यमंत्री द्वारा उत्तराखण्ड स्वतंत्रता सेनानी एवं उत्तराधिकारी संगठन को आवंटित भूमि पर सुरक्षा कार्य का शिलान्यास किया एवं आज ही के दिन जलियावाला बाग में हुए शहीदों को याद करते हुए उन्हें नमन किया।

वैशाखी से पहले करें यें काम होगा कर्ज माफ

Previous article

सपा की मांग, यूपी में लागू हो राष्ट्रपति शासन, विधानसभा को किया जाए भंग

Next article

You may also like

Comments

Comments are closed.