‘पेट्रोलियम पदार्थों पर वस्तु एंव सेवा कर का फैसला जीएसटी परिषद के हाथ’

मध्यप्रदेश। वैश्विक निवेशक सम्मेलन के दूसरे दिन आज मध्यप्रदेश में केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री धर्मेद्र प्रधान ने कहा कि यह फैसला जीएसटी परिषद का होगा कि वह पेट्रोलियम पदार्थों पर वस्तु एंव सेवा कर लगाना चाहती है या नहीं? प्रधान ने मध्य प्रदेश सरकार के वैश्विक निवेशक सम्मेलन में शामिल होने के दौरान कहा, पेट्रोलियम पदार्थों को जीएसटी वसूली के दायरे में लाने के सवाल के जवाब में फिलहाल हम हां और ना, दोनों की स्थिति में हैं। यह विषय परिषद के सामने है।

केंद्र और राज्यों के बीच इस पर चर्चा होेगी। मध्यप्रदेश की व्यापारिक नगरी इंदौर में चल रहे वैश्विक निवेशक सम्मेलन (ग्लोबल इंवेस्टर्स समिट) के दूसरे दिन रविवार को केंद्रीय पेटोलियम मंत्री धर्मेद्र प्रधान ने पेट्रोलियम पदार्थो को जीएसटी के दायरे में लाने की पैरवी करते हुए कहा कि इसमें मध्यप्रदेश बड़ी भूमिका निभा सकता है।

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प्रधान ने सम्मेलन के समापन समारोह में कहा, “मध्यप्रदेश में पेटोलियम पदार्थो की खपत बढ़ रही है, इसलिए मैं राज्य के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से अनुरोध करता हूं कि वह पेटोलियम पदार्थो को जीएसटी के दायरे में लाने में मदद करें, अभी यह मामला जीएसटी काउंसिल में जाना है।

उन्होंने पेटोलियम जगत और उद्येाग जगत की ओर से चौहान से आग्रह किया कि वह पेटोलियम पदार्थो को जीएसटी में लाने की पहल करें। उनका मानना है कि इस कोशिश में मध्यप्रदेश बड़ी भूमिका निभाने की स्थिति में है। प्रधान ने बीते 13 वर्षो में आए बदलाव का जिक्र करते हुए कहा कि यह राज्य तेजी से विकास कर रहा है। सड़क, बिजली और पानी के मामले में यहां की तस्वीर बदली है।