क्या है निपाह वायरस? जिसकी चपेट में आने से 6 लोग गंवा चुके हैं अपनी जान, ऐसे करें बचाव

केरल के कोझीकोड में खतरनाक निपाह वायरस फैल रहा है। इसकी चपेट में आने से अब तक छह लोगों की मौत हो गई है। 25 लोगों के खून में निपाह वायरस होने की पुष्टि हुई है। इन सभी को निगरानी में रखा गया है। कोझिकोड जिले के कलेक्टर ने निपाह वायरस से छह लोगों की मौत की पुष्टि की है। केरल सरकार ने केंद्र सरकार से इस वायरस से निपटने के लिए मदद मांगी है। इस पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने एनसीडीसी की टीम को केरल का दौरा करने का आदेश दिया है।

 

निपाह वायरस

 

क्या है निपाह वायरस

 

यह मनुष्यों और जानवरों में फैलने वाला एक वायरस है। एन्सेफलाइटिस का कारण होता है, इसलिए इसका नाम ‘निपाह वायरस एन्सेफलाइटिस’ भी है। यह वायरस हेंड्रा वायरस से संबंधित है। यह इंफेक्‍शन फ्रूट बैट्स के जरिए फैलता है।

 

शुरूआती जांच के ंमुताबिक खजूर की खेती करने वाले लोग जल्दी इसकी चपेट में आते हैं। 2004 में इस वायरस की वजह से बांग्लादेश के काफी लोग परेशान हुए थे। पहले इसका असर सुअरों में भी देखा गया था।

 

केरल के कोझीकोड में फैल रहा खतरनाक निपाह वायरस, 6 लोगों की मौत

 

चमगादड़ और सुअर से फैलता है संक्रमण

फल और सब्जी खाने वाले चमगादड़ और सुअर के जरिये निपाह वायरस तेजी से फैलता है। इसका संक्रमण जानवरों और इंसानों में एक दूसरे के बीच तेजी से फैलता है।

 

लक्ष्ण
धुंधला दिखना
चक्कर आना
सिर में लगातार दर्द रहना
सांस में तकलीफ
तेज बुखार

इससे बचने के लिए कोई ना तो कोई वोक्सीन और ना ही अभी तक कोई टीका इसके लिए इजाद किया जा सका है। बस कुछ सावधानियां बरतकर ही इसके चपेट में आने से बचा जा सकता है।

 

ऐसे बचें
पेड़ से गिरे हुए फल न खाएं।
जानवारों के खाए जाने के निशान हों तो ऐसी सब्जियां न खरीदें
जहां चमगादड़ अधिक रहते हों वहां खजूर खाने से परहेज करें
संक्रमित रोगी, जानवरों के पास न जाएं