उत्पल कुमार सिंह ने सचिवालय में राज्य प्राधिकृत समिति बैठक की अध्यक्षता की

उत्पल कुमार सिंह ने सचिवालय में राज्य प्राधिकृत समिति बैठक की अध्यक्षता की

देहरादून। मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह ने सचिवालय में राज्य में उद्यम स्थापित करने के लिये विभिन्न विभागों से वांछित स्वीकृतियों, अनुज्ञापनों, व अनुज्ञायें प्राप्त करने के लिये उत्तराखण्ड उद्यम एकल खिड़की सुगमता एवं अनुज्ञापन अधिनियम 2012 के अन्तर्गत राज्य प्राधिकृत समिति की बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में बताया गया कि राज्य प्राधिकृत समिति की बैठक में कुल रू0 1760 करोड़ के पूंजी निवेश के 06 प्रस्तावों पर स्वीकृति प्रदान की गई। सिंगल विन्डो एक्ट के अन्तर्गत एम.एस.एम.ई. के निवेश प्रस्तावों पर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित जिला प्राधिकृत समिति द्वारा अनुमोदन दिया जाता है।

 

 

बता दें कि वृहद उद्यमों के लिये मुख्य सचिव स्तर पर गठित समिति द्वारा अनुमोदन दिये जाने का प्राविधान है इस समिति में सम्बन्धित विभागों के प्रमुख सचिव/सचिव, सदस्य नामित हैं। गत वर्ष में राज्य ’’ईज ऑफ डुईंग बिजनेस’’ की दिशा में किये गये कार्यों एंव एकल खिड़की व्यवस्था की मुख्य सचिव स्तर पर सत्त समीक्षा के कारण विभागों द्वारा अनुमतियां/अनापत्तियां दिये जाने के फलस्वरूप राज्य में निवेशकों की रूचि बढ़ी है। गत वित्तीय वर्ष 2017-18 में राज्य तथा जिला स्तरीय समिति के विचारार्थ सूक्ष्म, लघु, मध्यम तथा वृहद उद्यगों की स्थापना हेतु कुल 594 प्रस्ताव, जिनमें कुल रू. 3,210.97 करोड़ का पूंजी निवेश तथा 13648 लोगों को रोजगार दिया जाना प्रस्तावित था, पर सैद्धान्तिक स्वीकृति जारी की गई थी।

वहीं गत वर्ष की तुलना में वित्तीय वर्ष 2018-19 के प्रथम दो माह में ही कुल 92 प्रस्ताव, जिनमें रू. 2436 करोड़ का पूंजी निवेश तथा 5494 लोगों को रोजगार दिया जाना प्रस्तावित है, जिला/राज्य स्तरीय प्राधिकृत समिति के सम्मुख स्वीकृति हेतु प्राप्त हुये हैं और इन प्रस्तावों पर प्राधिकृत समिति द्वारा विचार कर सैद्धान्तिक स्वीकृति दी जा चुकी है। बैठक में प्रमुख सचिव, औद्योगिक विकास/एम.एस.एम.ई. मनीषा पंवार, आयुक्त उद्योग, के अतिरिक्त वन एवं पर्यावरण, ऊर्जा, श्रम, वन, आवास, उद्योग, सदस्य सचिव, उत्तराखण्ड पर्यावरण प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, अपर निदेशक उद्योग तथा अन्य विभागों के उच्च अधिकारी भी उपस्थित थे।