युवा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षत करेगा आरएसएस
युवा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षत करेगा आरएसएस

लखनऊ। कोरोना की संभावित तीसरी लहर को रोकने के लिए राष्ट्रीय स्‍वयंसेवक संघ (आरएसएस) और उससे जुड़े सभी संगठन मिलकर काम करेंगे। लखनऊ में आयोजित संघ की समन्‍वय बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक सामान्यतः संगठनात्मक विषयों पर केंद्रित रही। कोरोना की दूसरी लहर के दौरान संघ के स्वयंसेवकों तथा विविध संगठनों द्वारा किये गये सेवा कार्यों की समीक्षा की गयी।

बैठक में संघ नेतृत्व ने स्‍पष्‍ट किया कि योजनाबद्ध ढंग से सभी संगठन मिलकर काम करेंगे तभी इस महामारी पर विजय प्राप्‍त कर सकेंगे । इसलिए शत- प्रतिशत टीकाकरण हो यह सभी संगठनों की प्राथमिकता होनी चाहिए। बैठक में तय हुआ कि सेवा सुरक्षा स‍मिति का गठन जिला,तहसील,ब्‍लाक,न्‍याय पंचायत व ग्राम सभा स्‍तर पर किया जायेगा। इस टोली में विविध संगठनों के लोग शामिल किए जायेंगे। इस टोली के निर्देशन में ही सारे जागरूकता व बचाव के कार्य किये जायेगें।कोरोना की तीसरी लहर बच्‍चों के लिए घातक सा‍बित हो सकती है। इसलिए राष्ट्र सेविका समिति, दुर्गा वाहिनी,अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद व महिला मोर्चा की बहनें महिलाओं को जागरूक करेंगी।

युवा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षत करेगा आरएसएस
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ कोरोना के संभावित तीसरी लहर का सामना करने के लिए 18 से 35 वर्ष के आयु वर्ग के कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षत किया जायेगा। यह प्रशिक्षित कार्यकर्ता गांव- गांव लोगों की मदद करेंगे। ऐसे कार्यकर्ताओं की सूची तैयार कर ली गयी है। अगर जरूरत पड़ी तो यह प्रशिक्षत कार्यकर्ता घर से बाहर रहकर भी कार्य करेंगे। यह प्रशिक्षण जुलाई माह में ही पूर्ण कर लिया जायेगा तथा अगस्‍त से जनजागरण द्वारा हर गाँव व बस्ती में निवास करने वाले युवाओं को इस अभियान में जोड़ा जायेगा । कोरोना काल में कई जिलों मे धर्मान्‍तरण के मामले प्रकाश में आए हैं। इसलिए गांवों में तैनात टोली देश विरोधी शक्तियों पर भी नजर रखेगी।

कोविड प्रोटोकाल का पालन करते हुए समर्पण उत्‍सव का आयोजन करेगा आरएसएस

पिछले वर्ष की भांति इस वर्ष भी कोविड प्रोटोकाल का पालन करते हुए संघ समर्पण उत्‍सव का आयोजन करेगा । पिछले वर्ष भी समर्पण उत्‍सव में भाग लेने वाले स्‍वयंसेवकों को एक साथ नहीं बुलाया गया था बल्कि एक – एक स्‍वयंसेवक आकर भगवाध्वज के समक्ष समर्पण किया था। इसी प्रकार की व्‍यवस्‍था इस बार भी करने को कहा गया है। कार्यक्रम में किसी वक्‍ता का बौद्धिक भी नहीं होगा। वहीं इस बार परिवारों में भी समपर्ण उत्‍सव करने की छूट रहेगी बशर्ते समर्पण भगवाधवज के समक्ष हो। कोरोना की संभावित तीसरी लहर को देखते हुए इस बार समर्पण उत्‍सव का कार्यक्रम बहुत जल्‍द करने को कहा गया है आरएसएस के समर्पण पर्व की शुरूआत इस बार 24 जुलाई से हो रही है।

शताब्‍दी वर्ष से पहले ग्राम सभा स्‍तर तक पहुंचेगा संघ
शताब्‍दी वर्ष 2025 से पहले देश में संघ कार्य को प्रत्‍येक ग्राम सभा स्‍तर तक पहुंचाने की योजना है ।कोरोना संकट के दौरान जब मैदान में शाखाएं लगना बंद हो गयी थी तो ई -शाखा प्रारम्‍भ हुई । इस समय देशभर में 13 हजार के करीब ई -शाखा लग रही है वर्तमान में देशभर में 80 हजार स्‍थानों पर संघ का प्रत्‍यक्ष कार्य है आने वाले समय में संघ के कार्य को खण्‍ड से मंडल और मंडल से ग्राम सभा स्‍तर तक ले जाना है।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पूर्वी उत्तर प्रदेश क्षेत्र के क्षेत्र प्रचार प्रमुख नरेन्‍द्र सिंह ने बताया कि इस बैठक में विविध संगठनों के पदाधिकारी शामिल होते हैं। समन्वय बैठक कोई निर्णय लेने का मंच भी नहीं है। सभी संगठन अपने आप में स्वतंत्र एवं स्वायत्त हैं। बैठक में सभी संगठन अपने अपने यहां हो रहे कार्यों नए प्रयोगों एवं उपलब्धियों से सबको परिचित कराते हैं।

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