चौकीदार के डंडा से डर रहे हैं मोदी की बायोपिक का विरोध करने वाले: विवेक ओबेरॉय

चौकीदार के डंडा से डर रहे हैं मोदी की बायोपिक का विरोध करने वाले: विवेक ओबेरॉय

एजेंसी, मुम्बई। चुनावी माहौल और लगातार विरोध के बाद फाइनली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बायोपिक इस शुक्रवार को रिलीज हो रही है। फिल्म को लेकर हो रहे विवाद पर एक्टर विवेक ओबेरॉय ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। एक इंटरव्यू के दौरान विवेक ने कहा कि, मुझे समझ नहीं आ रहा है कि, समाज के कुछ लोग इस फिल्म का विरोध क्यों कर रहे हैं। वे लोग फिल्म से डर रहे हैं या चौकीदार के डंडे से। विवेक यहीं नहीं रुके उन्होंने फिल्म का विरोध करने वालों के खिलाफ एक के बाद एक कई और बातें कही, जो सुर्खियों में हैं।
फिल्म रिलीज और विवाद के बारे में पूछे जाने पर विवेक ओबेरॉय ने कहा कि, ‘मुझे समझ नहीं आ रहा है कि कुछ लोग इस तरह से ओवर रिएक्ट क्यों कर रहे हैं। अभिषेक सिंघवी जी और कपिल सिब्बल जी जैसे वरिष्ठ और प्रसिद्ध वकील ऐसी मामूली फिल्म पर जनहित याचिका दायर करने में समय क्यों बर्बाद कर रहे हैं? पता नहीं वे फिल्म से डर रहे हैं या चौकीदार के डंडे से।’
विवेक यहीं नहीं रुके उन्होंने आगे कहा कि, हम फिल्म के जरिए पीएम मोदी जी को बड़ा दिखाने की कोशिश नहीं कर रहे हैं। ना ही हम उन्हें हीरो की तरह पेश करने की कोशिश कर रहे हैं। वह पहले ही एक हीरो है। ना केवल मेरे लिए बल्कि भारत और विदेशों में मौजूद करोड़ों लोगों के लिए। हम तो बस एक प्रेरणादायक कहानी को पर्दे पर दिखाने की कोशिश कर रहे हैं।
बता दें कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बायोपिक इस शुक्रवार को रिलीज हो रही है। हाल ही में विवेक ने एक इंटरव्यू में बताया कि, ‘ये एक चायवाले की कहानी है जो बाद में भारत के प्रधानमंत्री बने। ये बहुत ही मोटिवेट करने वाली कहानी है जिसके बारे में जनता को बताना जरूरी था। मैंने ये फिल्म इसलिए की क्योंकि पीएम मोदी ने मुझे बहुत मोटिवेट किया है।’ उन्होंने आगे कहा कि, ‘ये बस एक इत्तेफाक है कि फिल्म उस वक्त रिलीज हो रही है, जिस वक्त देश में चुनाव का माहौल है।
विवेक ने आगे बताया कि, ‘ पीएम मोदी बनने का प्रोसेस लगभग 5-6 घंटों तक चलता रहता था। ये अपने आप में एक तपस्या थी, क्योंकि मैं रोजाना सुबह 7 बजे से शूटिंग करता था। रात को 1 बजे मेरा प्रोस्थेटिक मेकअप होता था इसलिए मैं आधी रात में उठता था और घंटों मेरा मेकअप होता था, इसके बाद मैं शूट करता था।’ बता दें कि ओमंग कुमार द्वारा डायरेक्ट इस फिल्म को सुरेश ओबेरॉय, आनंद पंडित, संदीप सिंह और आचार्य मनीष ने प्रोड्यूस किया है।