कांग्रेस अधिवेशन में खड़गे की मांग, बैलट पेपर से कराया जाए चुनाव

नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली के इंदिरा गांधी स्टेडियम में कांग्रेस के नवनिर्वाचित अध्यक्ष राहुल गांधी के नेतृत्व में हो रहा है। इस दौरान कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष की आवाज बुलंद करने वाले मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया में विश्वसनीयता सुनिश्चित करने के लिए बैलेट पेपर को दोबारा से वापस लाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के संकल्प पर बोलते हुए कहा कि चुनाव आयोग को दुनिया के प्रमुख लोकतंत्रों की तरह भारत में भी बैलेट पेपर के द्वारा चुनाव करवाना चाहिए, ताकि चुनाव को लेकर लोगों में विश्वास बना रहे। कांग्रेस के अधिवेशन में खड़गे ने पार्टी के राजनीतिक संकल्प में कहा कि राहुल गांधी की अगुवाई में देश की सबसे पुरानी पार्टी में चुनावी प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए। 

उन्होंने कहा कि ईवीएम के दुरुपयोग को लेकर तमाम सवाल उठ रहे हैं, जनता और राजनीतिक पार्टियों में ईवीएम के दुरुपयोग और उसके द्वारा चुनावों में हेरफेर को लेकर आशंकाएं है इसलिए देश को बैलेट पर वापस लौटना चाहिए। खड़गे ने कहा कि कांग्रेस सभी भारतीयों की पार्टी है और बापू को साम्प्रदायिक ताकतों ने हमसे छिन लिया है। कांग्रेस के अधिवेशन में उन्होंने कहा कि मुश्किल दौर में सोनिया गांधी को अध्यक्ष चुना गया। उन्होंने कहा कि आरएसएस-बीजेपी गठजोड़ से जुड़े संगठनों द्वारा संविधान के बुनियादी सिद्धांतों और देश के मूल्यों को सुनियोजित हमले का सामना करना पड़ रहा है।

कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि आरएसएस-बीजेपी ने लोगों के दिलों में और देश में डर शंका और धमकी भरा माहौल बना दिया है। पीएम और बीजेपी सरकार किसी भी आलोचना को नहीं सहते सत्ता के नशे में चूर रहते हैं। आरएसएस और बीजेपी राष्ट्रवाद और देशभक्ति का ठेकेदार बनते हैं, लेकिन वो आजादी की लड़ाई से खुद को अलग रखने और माफी की गुहार लगाने वालों के वैचारिक वंशज हैं। हर संस्थान और विश्व विध्यालयों में आरएसएस की घुसपैठ, लोकतंत्र और बहुलवाद के लिए खतरा बन गया है। बीजेपी सरकार ने राज्यपाल के संवैधानिक कार्यालय का बेशर्मी से दुरुपयोग किया है।