क्या चार साल में मोदी सरकार का जलवा रहा कायम

2014 में BJP नरेन्द्र मोदी के चेहरे की दम पर सत्ता में आयी जिसका कारण मोदी की बढ़ती लोकप्रियता थी। लेकिन आज सरकार के 4 साल पूरे होने पर जहां एक तरफ मोदी सरकार और NDA की लोकप्रियता में गिरावट आयी है। वहीं दूसरी ओर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी 2014 में 16 फीसदी लोगों की पसंद थे। इसके बाद घटती लोकप्रियता के कारण 2017 में 9 फीसदी लोग ही उनको पसंद करते थे।आज उनकी लोकप्रियता 9 फीसदी से बढ़कर 24 हो गयी है। ऐसे में यह कहना गलत होगा कि आज भी मोदी का जनता पर प्रभाव उतना ही अच्छा जितना 2014 में था। सीएसडीएस सर्वे के मुताबित जनवरी 2018 मे राहुल गांधी देश के 20 फीसदी लोगों की पसंद थे। लेकिन इस वक्त 24 फीसदी लोग उन्हें पसंद करते हैं।

 

 

केन्द्र सरकार के चार साल पूरे होने पर मोदी सरकार की नीति और नियति को लेकर विपक्ष भले ही सवाल खड़े कर रहा हो पर BJP अध्यक्ष अमित शाह ने कंग्रेस पर पर हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस परिवार वाद को बढ़ावा देने और तुष्टीकरण करने वाली पार्टी है। BJP मेहनत और ईमानदारी के साथ विकास पर जोर देती है।

 

मेहनत करने वाले PM मोदी

शाह ने कहा भारतीय जनता पार्टी ने देश को मेहनत करने वाला प्रधानमंत्री दिया है।जो 15से16 घंटे काम करता है। जहां एक तरफ शाह ने कहा मोदी सरकार ने परिवारवाद, तुष्टीकरण और जातिवाद को खत्म कर ‘पॉलिटिक्स ऑफ परफॉर्मेंस’ की नीति को आगे बढ़ाया है। पॉलिसी पैरालिसिस से मुक्त कर सबका साथ-सबका विकास पर जोर दिया है। 2014 के बाद देश की राजनीति मे बड़ा बदलाव आया है। तो वहीं दूसरी  तरफ पलटवार करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा BJP सरकार काम करने में फिसड्डी रही हैंऔर नारे गढ़ने में अव्वल रही है। राहुल गांधी ट्वीट ने पोस्ट कर मोदी सरकार के 4 साल का रिपोर्ट कार्ड सबके सामने रखा है।

ट्वीटर के जरिए राहुल ने सरकार के 4 साल के रिपोर्ट कार्ड में कृषि में फेल ,विदेश नीति में फेल ,ईंधन की कीमतों में फेल ,रोजगार सृजन में फेल बताया है।राहुल ने कहा मोदी जी एक शानदार जुमलेबाज हैं।खुद के प्रचार मे सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया है। योग में बेहद खराब प्रदर्शन किया है।जटिल मुद्दों को लेकर संघर्ष किया।

 

 

मायावती का आरोप, सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग करके विरोधियों को कमजोर कर रहे हैं।

 

मोदी सरकार के चार साल पूरे होने पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने BJP पर हमला बोलते हुए कहा कि मोदी सरकार सरकारी मशीनरी का उपयोग करके विपक्षीयों को कमजोर करने की कोशिश कर रही है। प्रधानमंत्री अपने हरेक कदम को ऐतिहासिक बताते है। पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतें भी अपनी उंचाई पर हैं। उनकी चोरी और ऊपर से सीनाजोरी भी ऐतिहासिक है। मायावती ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि मोदी सरकार को 4 साल पूरे होने पर जश्न मनाने का कोई अधिकार नहीं है।सरकार ऐतिहासिक रूप से कई मुद्दों मे विफल हुई है। रोजगारी ,गरीबी ,किसान और मंहगाई के मुद्दों पर पूर्ण रूप से असफल रही है। मोदी सरकार सफेद झूठ बोलती है। जनता मंहगाई की मार झेल रही है।

 

बहरहाल मोदी सरकार की 4 साल में उपलब्धियां कुछ भी रही हों पर जिस तरह से उनकी लोकप्रियता का ग्राफ घटा है। उससे अनुमान लगाया जा सकता है। कि 2019 लोकसभा चुनाव के लिए उन्हे कड़ी मशक्कत करनी पड़ेगी ।