66a9a5d6 0af8 432c bc49 283974c88591 न्यूजीलैंड में महिला पुलिस भर्ती कवायद शुरू, अब हिजाब बना यूनिफॉर्म का हिस्सा
फाइल फोटो

न्यूजीलैंड। भारत में तो महिलाओं को पहले से ही अवल दर्जे का माना जाता है। देश के हर कोने में महिलाओं ने पहला स्थान प्राप्त किया है। चाहे पुलिस हो, आर्मी हो या फिर अन्य कोई भी विभाग हो महिलाओं ने अपना स्थान हासिल कर रखा है। लेकिन यह सब मुस्लिम देशों में कम ही देखने को मिलता है। हाल ही में फ्रांस में मोहम्मद साहब को लेकर विवाद चल रहा है। जिसके चलते फ्रांस में इस्लामोफोबिया के बीच न्यूजीलैंड की पुलिस ने नई कवायद शुरू की है। मुस्लिम महिलाओं को फोर्स में शामिल करने के लिए उसने हिजाब को पुलिस यूनिफॉर्म बना दिया। पुलिस ने यूनिफॉर्म के तौर पर हिजाब को खास तौर से मुस्लिम महिलाओं के लिए तैयार किया है। जिसके चलते पुलिस की प्रेरणा से प्रभावित होकर कांस्टबेल जीना अली न्यूजीलैंड की फोर्स की पहली महिला सदस्य बन गई हैं।

जीना ने यूनिफॉर्म का डिजाइन तैयार किया-

बता दें कि न्यूजीलैंड हेराल्ड की रिपोर्ट के मुताबिक जीना ने पुलिस के साथ मिलकर पोशाक का डिजाइन तैयार किया है। ये पोशाक उसकी नई भूमिका के लिए कार्यात्मक और उसके धर्म को देखते हुए लागू किया गया है। उन्होंने कहा, “मुझे बाहर निकलने योग्य होने और न्यूजीलैंड पुलिस की यूनिफॉर्म हिजाब को दिखाने पर काफी खुशी हो रही है। 30 वर्षीय जीना ने पिछले साल क्राइस्टचर्च आतंकवादी हमले के बाद मुस्लिम समुदाय की मदद करने के लिए पुलिस में शामिल होने का फैसला किया था। न्यूजीलैंड की दो मस्जिदों में हुए आतकंवादी हमले में 51 लोगों की जान चली गई थी। मैंने यूनिफॉर्म की डिजाइनिंग में विशेष रूचि ली थी। जीना कहती हैं कि उन्हें अपने समुदाय का खास कर महिलाओं का प्रतिनिधित्व करते हुए काफी गर्व होता है। उनका मानना है कि यूनिफॉर्म के तौर पर हिजाब को लागू किए जाने से अन्य महिलाओं को पुलिस बल में आने के लिए बढ़ावा मिलेगा। जीना ने कहा, “पुलिस-ब्रांडेड-हिजाब होने का मतलब है महिला।

न्यूजीलैंड पुलिस के छह बुनियादी मूल्यों में से एक विविधता का सम्मान-

जीना का मानना है कि समुदाय की मदद करने के लिए ज्यादा मुस्लिम महिलाओं की जरूरत है क्योंकि उनमें से अधिकतर पुलिस से बात करने से भयभीत रहती हैं और हो सकता है अगर कोई उनसे बात करने आए तो दरवाजा बंद कर लें। रिपोर्ट के मुताबिक, न्यूजीलैंड पुलिस के छह बुनियादी मूल्यों में से एक विविधता का सम्मान है। 2008 में न्यूजीलैंज पुलिस यूनिफॉर्म में पगड़ी को लागू कर चुकी है। पहले माना जाता था कि महिलाएं पुलिस का हिस्सा नहीं बन सकतीं मगर अब आवेदन दे सकती हैं। मेरे धर्म और संस्कृति को शामिल कर पुलिस ने अद्भुत मिसाल पेश की है। फिजी में पैदा हुई जीना बचपन में अपने परिवार के साथ न्यूजीलैंड आ गई थीं। उसने खुद की जरूरतों को समझने के लिए पुलिस की सराहना की।

Trinath Mishra
Trinath Mishra is Sub-Editor of www.bharatkhabar.com and have working experience of more than 5 Years in Media. He is a Journalist that covers National news stories and big events also.

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