योगी के सीएम बनने पर तारिक अनवर ने कहा…

कटिहार। 19 को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के महासचिव और कटिहार के सांसद तारिक अनवर ने केबी झा कॉलेज के पास स्थित जीपनारायण गुप्ता के घर पर हुई प्रेस कॉन्फ्रैंस के दौरान भाजपा के उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री के फैसले को लेकर कई बाते कहीं। अनवर ने कहा की, ‘योगी आदित्यनाथ को उत्तर प्रदेश का मुक्यमंत्री बनाना दुर्भाग्यपूर्ण है। भले ही यह सभी पार्टी का हक है की वह अपने मुक्यमंत्री का चयन खुद करें लेकिन यूपी में जो हुआ उससे यह अंदाजा लग रहा है की बीजेपी देश को किस दिशा में ले जा रही है। आगे अनवर ने कहा, ‘उन्होंने कहा कि एक तरफ हमलोग का प्रयास रहता है कि देश की राजनीति किसानों की चौपाल गरीब की झोपड़ी, आम व्यक्ति के घर से हो लेकिन भाजपा मठाधीशों को ही प्राथमिकता दे रही है।’

सात ही तारिक अनवर ने कहा की, अगर योगी आदित्यनाथ की बात की जाए तो वह एक कट्टरपंथी विचारधारा के व्यक्ति है। योगी आदित्यनाथ की छवि उत्तर प्रदेश की सामाजिक सद्भाव और सामाजिक बनावट के अनुरूप नहीं है । जिस तरह उत्तर प्रदेश चुनाव अभियान में उन्होंने अपने विचार रखे उससे लगता है देश के संविधान पर उनका विश्वास कतई नहीं है । वैसे एकता हमारे देश की परम्परा है । पर भारतीय जनता पार्टी देश की साम्प्रदायिक सदभाव को समाप्त करने में लगी है।

प्रेस कॉन्फ्रैंस में आगे राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता अनवर ने कहा कि मोदी के आगे विपक्ष पूरी तरह प्रभावहीन हो गई है, इस बात से मै सहमत नही हूं। अभी जो पांच राज्यों का चुनाव हुआ है इसमें यूपी और उत्तराखंड में भाजपा को बहुमत मिली लेकिन अगर दूसरी ओर देखा जाये तो पंजाब में भाजपा को तीन सीट, गोवा में भाजपा का शासन था वहां उनके मुख्यमंत्री सहित आठ मंत्री चुनाव हार गये और भाजपा को 40 विधानसभा सीटो में मात्र 11 सीटें प्राप्त हुई । उसी तरह मणिपुर में देखा जाये तो 60 में भाजपा को 21 सीटें मिली, वहां भी लोगों ने भाजपा को नकार दिया । पंजाब में भाजपा की दुर्गति हुई सभी लोगों ने देखा है पंजाब, गोवा, एवं मणिपुर देश के तीन कोने पर है और तीनों जगह भाजपा को लोगों ने नकारा दिया है तो ये कहना कि देश में मोदी की तूती बोल रही है इससे बड़ा झूठ कोई नहीं हो सकता । उत्तर प्रदेश में जो कामयाबी पार्टी को मिली है , उसका स्पष्ट कारण वोटों का बंटवारा है। तारिक अनवर ने कहा कि ईवीएम पर एक बहुत बड़ा प्रश्न उठ रहा है जिसे मायावती और केजरीवाल ने उठाया है जिस पर देश भर में चर्चा भी शुरू हो गई है । उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में भाजपा को मिली प्रचंड बहुमत से बिहार की राजनीति पर कोई असर नहीं पड़ेगा।